
Pujniye Prabho Hamare
श्री आर्य को उत्कृष्ट लेखन के लिए राजस्थान के राज्यपाल श्री कल्याण सिंह द्वारा विशेष रूप से 22 जुलाई, 2015 को राजभवन राजस्थान में सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त केंद्र सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से 12 मार्च, 2019 को केंद्रीय हिंदी निदेशालय द्वारा उनकी शोध कृति "भारत के 1235 वर्षीय स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास" को वर्ष 2017 के राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
इतिहास संबंधी शोधपूर्ण कार्य पर उन्हें अंतर्राष्ट्रीय आर्य विद्यापीठ के अध्यक्ष व दो बार पद्मश्री विजेता प्रोफेसर (डॉ.) श्यामसिंह शशि और संस्कृत में प्रथम ज्ञानपीठ पुरस्कार विजेता प्रोफेसर डॉक्टर सत्यव्रत शास्त्री के द्वारा डॉक्ट्रेट की मानद उपाधि विगत 17 जुलाई, 2019 को उनके 53वें जन्म दिवस के अवसर पर दिल्ली में होटल अमलतास इंटरनेशनल में प्रदान की गई।
श्री आर्य को उनके उत्कृष्ट लेखन कार्य के लिए विभिन्न विश्वविद्यालयों व सामाजिक संस्थाओं से भी सम्मानित किया गया है। मेरठ के चौधरी चरणसिंह विश्वविद्यालय सहित कई विश्वविद्यालयों में उनके लेक्चर विजिटर प्रोफेसर के रूप में आयोजित किए गए हैं। वर्तमान में डॉ. आर्य राष्ट्रवादी समाचार पत्र 'उगता भारत' का संपादन कार्य कर रहे हैं। वह राष्ट्रीय प्रेस महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष, भारतीय इतिहास पुनर्लेखन समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष और हिंदू महासभा के वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भी हैं।
- Forfatter
- Rakesh Kumar Arya
- ISBN
- 9789389807912
- Språk
- Hindi
- Vekt
- 310 gram
- Utgivelsesdato
- 29.2.2020
- Forlag
- DIAMOND BOOKS
- Antall sider
- 208
