Gå direkte til innholdet
Main Tumhari Koshi
Spar

Main Tumhari Koshi

Forfatter:
pocket, 2021
Hindi
विद्यापति एक दृष्टिकोण पुस्तक में विद्यापति के काव्य से जुड़े कई प्रश्नों के जवाब हैं.विद्यापति के लोक जीवन के संदर्भ में रचनाकारों साहित्यकारों उपन्यास कारों आलोचकों समाजसेवी शोधकर्ताओं के विचार इस पुस्तक में देखने को मिलेंगे.यह पुस्तक एक साक्षात्कार संग्रह है जिसका संकलन व संपादन डॉ स्वाति चौधरी ने किया है.विद्यापति के इतिवृत्त से जुड़े गंभीर प्रश्नों का सीधा और स्पष्ट उत्तर देखने को मिलता है.स्वाति चौधरी ने विद्यापति पर अपने शोध कार्य को गुणवत्तापूर्ण बनाने के लिए श्रेष्ठ आलोचक कथाकार कवि आदि से विद्यापति काव्य पर संवाद किया.निश्चित ही यह संवाद विद्यापति के लेखन व व्यक्तित्व के सभी आयाम को स्पष्ट करने में सार्थक है.इसमें पद्मश्री उषा किरण खान,डॉ विजय बहादुर सिंह, डॉ गंगेश गुंजन, उषा चौधरी, डॉ रामानंद झा रमण, डॉ बृजलता शर्मा, डॉ कैलाश कुमार मिश्रा, अमरनाथ शर्मा अमर,डॉ भीमनाथ झा, डॉ विश्वेश चौधरी, डॉ चंद्रदेव यादव, विभा रानी, डॉ नारायण झा, डॉ मंजर सुलेमान, आरती झा, दिलीप कुमार झा, हरिमोहन झा, डॉ कमलानंद झा, आशा मिश्रा, के साक्षात्कार शामिल हैं.प्रेम जनमेजय के शब्दों में 'आधुनिक समय में विद्यापति पर यह किताब अत्याधुनिक विचारों से पाठकों को समृद्ध करेगी'. प्रलेक प्रकाशन से प्रकाशित इस पुस्तक ने एक बार फिर से विद्यापति को साहित्य जगत में चर्चा का विषय बना दिया. हिंदी व मैथिली साहित्य के साझा कवि विद्यापति की अंतर्वती ऐतिहासिक निरंतरता विश्लेषित कर प्रश्नोत्तर शैली में संकलित किया गया है. यह ग्रंथ हिंदी, मैथिली के विद्यार्थी एवं शोधार्थी ही नहीं, हर आयु वर्ग के पाठकों के लिए उपयोगी व उनकी जिज्ञासा शांत करने में समर्थ साबित होगा.
Forfatter
Praveen Dubey
ISBN
9789390500277
Språk
Hindi
Vekt
181 gram
Utgivelsesdato
12.4.2021
Antall sider
152