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Maharashtra Sanskuri (1818 Paryant)
Tallenna

Maharashtra Sanskuri (1818 Paryant)

Kirjailija:
pokkari, 2011
Marathi
हिंदुस्तान में हिंदू का अस्तित्व निश्चय ही उस समय चिंता और चिंतन का विषय बन जाता है जब हिंदू विरोध की राजनीति, हिंदू विरोध का साहित्य और देश के विद्यालयों में हिंदू विरोध का पाठ्यक्रम देखा जाता है। हमें यह समझ लेना चाहिए कि हिंदुस्तान हिंदुओं की अंतिम शरणस्थली है। यदि इसके लिए यहां भी दमघोंटू परिस्थितियां बनाई जाएंगी तो समझ लीजिए कि यहां से हिंदू को संसार के किसी अन्य देश में जाने का अवसर नहीं मिलेगा। ऐसे में उसे या तो धर्मातरण करना होगा या फिर मृत्यु को गले लगाना होगा।
डॉ. राकेश कुमार आर्य ने इस पुस्तक के माध्यम से अनेक तथ्यों को हमारे सामने लाकर इस बात पर बल दिया है कि जहां- जहां मुस्लिम बहुल क्षेत्र या मुस्लिम बहुल प्रदेश बढ़ते बनते जा रहे हैं वहां - वहां हिंदू के अस्तित्व के लिए संकट उत्पन्न हो गया है। पूर्वोत्तर भारत में जिस प्रकार ईसाइयों का वर्चस्व बढ़ा है उसने वहां पर हिंदू के लिए जीना दूभर कर दिया है।
Kirjailija
Subhangana Atre
ISBN
9788184830934
Kieli
Marathi
Paino
249 grammaa
Julkaisupäivä
5.5.2011
Kustantaja
DIAMOND BOOKS
Sivumäärä
184