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Dus Hazar Buddho Ke Liye Ek Sou Gathaye
Tallenna

Dus Hazar Buddho Ke Liye Ek Sou Gathaye

मां धर्म ज्]योति ने एक लंबे अरसे तक ओशो की शारीरिक मौजूदगी को जीया है, और अपने इस सफल में वह पल-पल उन लम्हों को सहेजती रहीं जो ओशो के छूने से जिंदा होते रहे। ये लम्हें बाहर तो इंद्रधनुषी आंसू बरसाते रहें और खुद भीतर जाकर सीप के मोती बनते रहे। यह शरीर के पार जाने वाले प्रेम का ही तिलिस्]म है कि एक दिन अचानक इन मोतियों में भी अंकुर फूट आए और गाथाओं का एक वृक्ष बन गए सौ गाथाएं, दस हजार बुद्धों के लिए। आइए कुछ देर इन गाथाओं की हवा में जी लें। कुछ देर इनकी खुशबू को अपने दिल में महसूस कर लें आखिर, ये मोती हम सब की ही तो प्]यास है।
Kirjailija
Dharam Jyoti
ISBN
9788171828883
Kieli
Hindi
Paino
310 grammaa
Julkaisupäivä
1.6.2001
Kustantaja
DIAMOND BOOKS
Sivumäärä
128