
Biru: Itihas ke Sath Vichar Yatra (Edition1st)
उपर्युक्त सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक परिस्थितियों में भारत के विकास की पृष्ठभूमि में उपन्यास के नायक बिरू की विचार-यात्रा और उसके परिणाम स्वरूप हुई विकास-यात्रा सुधी पाठकगण के सम्मुख है।
उदहारण के लिए इसी पुस्तक से "मानव-जीवन में वास्तविक विकास और सच्चा सुख तभी संभव है जब अज्ञानता का उन्मूलन हो, स्वतंत्र चिंतन को प्रोत्साहन मिले और स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व के साथ लोकतांत्रिक आदर्शों का पालन हो।"
- Kirjailija
- Virendra Kumar Shekhar
- ISBN
- 9789369391875
- Kieli
- Hindi
- Paino
- 310 grammaa
- Julkaisupäivä
- 28.1.2025
- Kustantaja
- DIAMOND BOOKS
- Sivumäärä
- 254