
21 Shreshth Kahaniyan Prem Chand
कथाकार के रूप में प्रेमचंद अपने जीवनकाल में ही किंवदंती बन गए थे। उन्होंने मुख्यत ग्रामीण एवं नागरिक सामाजिक जीवन को कहानियों का विषय बनाया है। उनकी कथायात्रा में श्रमिक विकास के लक्षण स्पष्ट हैं, यह विकास वस्तु विचार, अनुभव तथा शिल्प सभी स्तरों पर अनुभव किया जा सकता है। उनका मानवतावाद अमूर्त भावात्मक नहीं, अपितु उसका आधार एक प्रकार का सुसंगत यथार्थवाद है।
- Kirjailija
- Prem Chand
- ISBN
- 9788128821868
- Kieli
- Hindi
- Paino
- 310 grammaa
- Julkaisupäivä
- 1.6.2012
- Kustantaja
- DIAMOND BOOKS
- Sivumäärä
- 176