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Tallenna

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""कुछ लम्हे कुछ बातें कुछ हसीं कुछ नहीं पिरोकर लाएं हैं आपकी महफ़िल में। इन मोतियों में से कुछ पसंद आये तो सजा लेना न आये तो छुपा देना पहली कोशिश की है हो सकता है हम इस क़ाबिल नहीं। लब्ज़ों की भीड़ में जज़्बातों के ढेर से चंद और अपना लेना मुश्किल भी नही।""
Kirjailija
Neeta Agarwal
ISBN
9789360948931
Kieli
Hindi
Paino
310 grammaa
Julkaisupäivä
1.3.2024
Sivumäärä
44