Payal
पायल एक ऐसी स्त्री की कहानी है जो समय के हाथों का खिलौना बन जाती है । परिस्थितियाँ उसे आसमान से धरती पर पटक देती हैं । एक एक कर के उसके सभी सहारे छिन जाते हैं । यहां तक कि वह घोर निराशा में पड़ कर आत्मघात तक के लिए उद्यत हो जाती है । परंतु अंततः जिजीविषा, आशा तथा संघर्ष की प्रबल भावना उसे पुनः सतत संघर्ष की ओर उन्मुख कर देती है और अंततः वह अपने जीवन का चरम लक्ष्य प्राप्त करने में सफल होती है । यह भारतीय परिवेश में पलनेवाली युवती की संघर्ष गाथा है जो पाठकों के हृदय में नूतन प्रेरणा का संचार करती है...
- Författare
- Dr. Ranjana Verma
- ISBN
- 9789354584831
- Språk
- hindi
- Utgivningsdatum
- 2021-08-10
- Sidor
- 218
- Tillgängliga elektroniska format
- Epub - Adobe DRM
- Läs e-boken här
- E-boksläsare i mobil/surfplatta
- Läsplatta
- Dator

