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प्रेम हमेशा से दर्शन का विषय रहा है, मनुष्य का अस्तित्व में होना ही प्रेम का प्रतीक है । जो जीवन में प्रेम को समर्पित हो जाता है, उसके लिए किसी भी प्रकार का पूजन महत्व नहीं रखता, प्रेम आपकी कमज़ोरी भी है और ताक़त भी...
- Författare
- Vinod Kumr Pahilajani
- ISBN
- 9789393262073
- Språk
- Hindi
- Vikt
- 132 gram
- Utgivningsdatum
- 2022-07-10
- Förlag
- Great Indian Book Tour
- Sidor
- 104
