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?????-??? (Pushp Saar)
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pocket, 2022
Hindi

About the Book:

'पुष्प- सार' डॉ लक्ष्मण झा 'परिमल' की प्रथम संरचना है। अपने जीवन के विभिन्न पुष्प रूपी अनुभूतियों से पराभूत होकर, इस कविता संग्रह में कवि ने हरेक विधा का समावेश किया है।

कविताओं के इस संग्रह में जीवन की अलग-अलग प्रावस्थाओं के एकाधिक आभासों का सचित्रण है। प्रेम प्रसंगो से विरह की बेला तक, प्रकृति से मानव प्रवृत्ति तक, व्यावहारिकता से समाजिकता तक, राजनीति से जीवन-नीति तक, यह कविता संग्रह पाठकों के लिए सहज भाषा में एक साहित्यिक भेंट है।

श्रृंगार हास्य, व्यंग, करुण और कई रसों में लिपटी 'पुष्प-सार' कवि की चेतना से उद्धृत सचेतना की ओर ले जाने वाला विनम्र प्रयास है।

ISBN
9789394603479
Språk
Hindi
Vikt
227 gram
Utgivningsdatum
31.7.2022
Sidor
196